अनूठी पहल:- नेत्रहीन, निरक्षर लोगों की। कर रहे धरती का श्रृंगार। समाजिक कार्यकर्ताओं ने किया सम्मानित।

आज कल मीडिया: अनूठी पहल:- नेत्रहीन, निरक्षर लोगों की। कर रहे धरती का श्रृंगार। समाजिक कार्यकर्ताओं ने किया सम्मानित। नेत्रहीन नगीना ने किया था प्रस्ताव- गाजीपुर जनपद के मनिहारी विकासखंड अंतर्गत बुजुर्गा गांव के जन्मजात नेत्रहीन नगीना यादव ने अपने मित्र बदरू यादव एवं शिवकुमार राम से मन की बात कहते हुए प्रस्ताव रखा कि हम तीनों निरक्षर एवं गरीब परिवार से हैं। किसी तीर्थ स्थल पर जा नहीं सकते ऐसे में क्यों ना हम सभी लोग पौधरोपण करें। प्रस्ताव पास हुआ किंतु पौधों को लगाया कहा जाए, फिर तय किया गया कि गांव के पास वाली नहर के किनारे हम लोग पौधरोपण करेंगे। फिर क्या था गड्ढा खुदा। कुछ लोगों ने विरोध किया किंतु तीनों की दृढ़ इच्छा शक्ति के आगे कोई रुकावट नहीं आई पहली हरिशंकरी यानि पीपल पाकर बरगद ताड़ के वृक्ष से खोदकर उन लोगों ने लगाया जो आज काफी विशाल रूप ले लिया है। इसी प्रकार नहर के किनारे एवं खाली जमीन पर उन लोगों ने दर्जनों की संख्या में जामुन आम पीपल बरगद पाकड़ इत्यादि लगाया और उनकी सुरक्षा भी किया अब वे सभी वृक्ष हो गए हैं। समग्र विकास इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष ब्रज भूषण दुबे अपने सहयोगी शोभनाथ यादव अनिल शर्मा, सोन्हूं सिंह यादव उर्फ सुभाष चंद्र बोस, व्याख्याता गुल्लू सिंह यादव एवं साद शेख के साथ तीनों पर्यावरण प्रेमियों का अंगवस्त्रम देकर सम्मान किया। ब्रज भूषण दुबे ने कहा कि जिन लोगों ने पौधरोपण कर उन्हें हरा भरा किया है हम उनके यहां पहुंच कर साथियों के साथ सम्मान करेंगे। अब ऐसे लोगों को महिमामंडित करने की जरूरत है जिन लोगों ने कहा नहीं बल्कि करके दिखा दिया। इसके पूर्व सामाजिक संगठन द्वारा दर्जनों प्रकृति प्रेमियों को सम्मानित किया जा चुका है तथा जन्मदिन से लेकर शादी विवाह एवं त्रयोदशाह तक पौधरोपण कराने की परंपरा को जमीनी स्तर पर कायम किया जा रहा है। सम्मान का कार्यक्रम बुजुर्गा गांव में नहर के किनारे तीनों पर्यावरण प्रेमियों द्वारा रोपित किए गए वृक्षों के नीचे किया गया। संवाददाता:- विनीत पाण्डेय